Electric Scooter Subsidy 2026 – भारत में बढ़ते पेट्रोल और डीजल के दामों के बीच इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग तेजी से बढ़ रही है। खासकर महिलाओं के लिए सरकार की ओर से एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। अब इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदने पर महिलाओं को ₹46,000 तक की सब्सिडी दी जा रही है। यह योजना 2026 तक लागू रहेगी और इसका उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना, सुरक्षित और सस्ती परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना तथा पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है।
Electric Scooter Subsidy 2026 क्या है?
भारत सरकार पहले से ही इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं चला रही है। इनमें सबसे प्रमुख है FAME India Scheme (Faster Adoption and Manufacturing of Electric Vehicles)। इसी पहल को आगे बढ़ाते हुए महिलाओं के लिए विशेष सब्सिडी की व्यवस्था की गई है।
इस योजना के तहत योग्य महिला आवेदकों को इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदने पर अधिकतम ₹46,000 तक की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि सीधे स्कूटर की कीमत में समायोजित कर दी जाती है, जिससे वाहन सस्ता हो जाता है।
योजना का मुख्य उद्देश्य
इस योजना के पीछे कई महत्वपूर्ण उद्देश्य हैं। पहला, महिलाओं को रोजगार, शिक्षा और दैनिक कार्यों के लिए स्वतंत्र और सुरक्षित परिवहन सुविधा देना। दूसरा, बढ़ते प्रदूषण को कम करना और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देना। तीसरा, इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ाकर देश की ईंधन पर निर्भरता कम करना।
सरकार का मानना है कि यदि अधिक से अधिक महिलाएं इलेक्ट्रिक स्कूटर अपनाएंगी, तो शहरों और कस्बों में प्रदूषण स्तर में कमी आएगी और परिवारों का मासिक खर्च भी घटेगा।
कौन-कौन ले सकता है लाभ?
इस योजना का लाभ लेने के लिए कुछ पात्रता शर्तें तय की गई हैं।
आवेदक महिला भारत की नागरिक होनी चाहिए।
उसकी आयु 18 वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए।
मान्य ड्राइविंग लाइसेंस होना आवश्यक है।
परिवार की वार्षिक आय सरकार द्वारा निर्धारित सीमा से अधिक नहीं होनी चाहिए।
स्कूटर सरकारी मान्यता प्राप्त इलेक्ट्रिक मॉडल होना चाहिए।
कुछ राज्यों में अतिरिक्त राज्य स्तरीय सब्सिडी भी दी जाती है, जिससे कुल लाभ ₹46,000 या उससे अधिक तक पहुंच सकता है।
किन स्कूटरों पर मिलेगी सब्सिडी?
सरकार द्वारा स्वीकृत और प्रमाणित इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर मॉडल पर ही यह सब्सिडी लागू होती है। बाजार में कई लोकप्रिय कंपनियां इलेक्ट्रिक स्कूटर उपलब्ध करा रही हैं, जैसे Ola Electric, Ather Energy और Hero Electric।
इन कंपनियों के कई मॉडल FAME योजना के तहत पंजीकृत हैं, जिन पर केंद्र और राज्य सरकार की सब्सिडी लागू होती है। स्कूटर खरीदने से पहले डीलर से यह जरूर सुनिश्चित कर लें कि वह मॉडल सब्सिडी के लिए पात्र है।
कितनी मिलेगी सब्सिडी?
सब्सिडी की राशि स्कूटर की बैटरी क्षमता और राज्य सरकार की नीतियों पर निर्भर करती है। केंद्र सरकार की योजना के तहत प्रति किलोवाट बैटरी क्षमता के हिसाब से सब्सिडी दी जाती है।
यदि किसी स्कूटर की बैटरी क्षमता अधिक है, तो उस पर मिलने वाली सब्सिडी भी ज्यादा हो सकती है। कई राज्यों में अतिरिक्त प्रोत्साहन राशि दी जाती है, जिससे कुल सब्सिडी ₹46,000 तक पहुंच जाती है।
आवेदन कैसे करें?
इलेक्ट्रिक स्कूटर सब्सिडी के लिए आवेदन प्रक्रिया काफी आसान है।
सबसे पहले किसी अधिकृत डीलर से FAME योजना के अंतर्गत पंजीकृत इलेक्ट्रिक स्कूटर चुनें।
डीलर को आवश्यक दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस और आय प्रमाण पत्र जमा करें।
डीलर द्वारा ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन दर्ज किया जाता है।
आवेदन स्वीकृत होने के बाद सब्सिडी की राशि सीधे वाहन की कीमत से घटा दी जाती है।
कुछ राज्यों में ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से स्वयं भी आवेदन करना पड़ सकता है। ऐसे में संबंधित राज्य परिवहन विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी प्राप्त करें।
आवश्यक दस्तावेज
आधार कार्ड
पैन कार्ड
निवास प्रमाण पत्र
आय प्रमाण पत्र
ड्राइविंग लाइसेंस
पासपोर्ट साइज फोटो
बैंक खाता विवरण
सभी दस्तावेज सही और अपडेटेड होने चाहिए, ताकि आवेदन में किसी प्रकार की देरी न हो।
महिलाओं के लिए क्यों खास है यह योजना?
आज के समय में महिलाओं का घर से बाहर निकलकर काम करना आम हो गया है। नौकरी, पढ़ाई, बिजनेस या घरेलू जरूरतों के लिए उन्हें सुरक्षित और सस्ती सवारी की जरूरत होती है। इलेक्ट्रिक स्कूटर न केवल किफायती है, बल्कि इसका रखरखाव खर्च भी बहुत कम होता है।
पेट्रोल स्कूटर की तुलना में इलेक्ट्रिक स्कूटर चलाने की लागत काफी कम होती है। एक बार चार्ज करने पर 80 से 120 किलोमीटर तक की दूरी तय की जा सकती है, जिससे दैनिक आवागमन आसान हो जाता है।
पर्यावरण के लिए फायदेमंद
इलेक्ट्रिक स्कूटर से किसी प्रकार का धुआं या हानिकारक गैस उत्सर्जन नहीं होता। इससे वायु प्रदूषण में कमी आती है। यदि अधिक से अधिक लोग इलेक्ट्रिक वाहन अपनाते हैं, तो शहरों में प्रदूषण स्तर कम किया जा सकता है।
सरकार का लक्ष्य है कि 2030 तक देश में अधिकतर वाहन इलेक्ट्रिक हों, जिससे पर्यावरण संरक्षण को मजबूती मिले।
किन बातों का रखें ध्यान?
स्कूटर खरीदने से पहले उसकी बैटरी वारंटी और सर्विस नेटवर्क की जानकारी जरूर लें।
चार्जिंग सुविधा की उपलब्धता जांच लें।
डीलर से लिखित में सब्सिडी की जानकारी प्राप्त करें।
सरकारी वेबसाइट पर योजना की शर्तें पढ़ लें, ताकि किसी धोखाधड़ी से बचा जा सके।
निष्कर्ष
महिलाओं के लिए इलेक्ट्रिक स्कूटर पर ₹46,000 तक की सब्सिडी निश्चित रूप से एक बड़ी राहत और अवसर है। इससे न केवल उनका मासिक खर्च कम होगा, बल्कि वे आत्मनिर्भर भी बन सकेंगी। साथ ही यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है।
यदि आप भी इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदने की योजना बना रही हैं, तो इस सरकारी सब्सिडी का लाभ जरूर उठाएं और 2026 से पहले आवेदन प्रक्रिया पूरी करें। यह योजना महिलाओं को सशक्त बनाने और हरित भविष्य की ओर बढ़ने का एक शानदार अवसर है।


